उत्तराखंड में कथित भर्ती परीक्षा धांधली की जांच के बीच प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के ओएसडी रहे चंदन सिंह जीना के देहरादून स्थित आवास पर शुक्रवार को ईडी की टीम ने छापेमारी कर लंबी तलाशी ली। कार्रवाई के दौरान बड़ी मात्रा में नकदी, सोना और महंगी घड़ियां मिलने की जानकारी सामने आई है।
जानकारी के मुताबिक, तलाशी के दौरान जीना के आवास से करीब 32 लाख रुपये की ऐसी नकदी मिलने की बात कही जा रही है, जिसका तत्काल हिसाब उपलब्ध नहीं कराया जा सका। इसके अलावा करीब 200 ग्राम सोना और कई इम्पोर्टेड घड़ियां मिलने की भी सूचना है। ईडी की टीम बरामद सामान से संबंधित दस्तावेजों और उसके स्रोत की जांच कर रही है।
दस्तावेज और वित्तीय लेन-देन भी जांच के दायरे में
ईडी की टीम ने तलाशी के दौरान घर में मौजूद दस्तावेजों और अन्य सामान की भी जांच की। एजेंसी का फोकस कथित तौर पर नकदी के स्रोत, संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड और वित्तीय लेन-देन से संबंधित दस्तावेजों पर है। बरामद नकदी और अन्य वस्तुओं का जांच से क्या संबंध है, यह आगे की पड़ताल में स्पष्ट होगा।
यूकेएसएसएससी परीक्षा धांधली से जोड़कर देखी जा रही कार्रवाई
ईडी की यह कार्रवाई उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूकेएसएसएससी) की परीक्षाओं में कथित धांधली से जुड़ी जांच के सिलसिले में की गई बताई जा रही है। इस मामले में अलग-अलग स्तर पर पहले भी जांच और कार्रवाई होती रही है। एजेंसी अब कथित वित्तीय लेन-देन और उससे जुड़े संभावित साक्ष्यों को खंगाल रही है।
बताया जा रहा है कि चंदन सिंह जीना के अलावा कुछ अन्य लोगों के ठिकानों पर भी तलाशी अभियान चलाया गया। जांच एजेंसी पूरे मामले में संभावित वित्तीय कड़ियों और लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड की पड़ताल कर रही है।
राजनीतिक हलकों में भी हलचल
चंदन सिंह जीना पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के ओएसडी रह चुके हैं। ऐसे में उनके आवास पर ईडी की कार्रवाई के बाद उत्तराखंड के राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, फिलहाल बरामद नकदी, सोने और इम्पोर्टेड घड़ियों के स्रोत तथा इनका कथित परीक्षा धांधली मामले से सीधा संबंध क्या है, यह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।






