रायपुर। भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय, एआईसीटीई एवं एमओई इनोवेशन सेल के तत्वावधान में आयोजित होने वाले स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन (SIH) 2026 की तैयारियों के तहत आंजनेय विश्वविद्यालय, रायपुर में दो दिवसीय इंटरनल हैकाथॉन का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व विश्वविद्यालय के IQAC एवं इंस्टीट्यूशन इनोवेशन काउंसिल (IIC) द्वारा किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ उद्घाटन समारोह के साथ हुआ, जिसके बाद प्रतिभागी टीमों के प्रोजेक्ट्स और आइडिया के मूल्यांकन की प्रक्रिया शुरू की गई। इंटरनल हैकाथॉन में 25 से अधिक टीमों के 150 से अधिक विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों ने मेडटेक/हेल्थटेक, एग्रीकल्चर, स्मार्ट एजुकेशन, साइबर सिक्योरिटी, कल्चर एंड हेरिटेज** सहित कुल 17 थीम्स पर अपने इनोवेटिव प्रोजेक्ट्स और स्मार्ट आइडिया प्रस्तुत किए।
प्रत्येक टीम का मूल्यांकन विशेष रूप से गठित जूरी पैनल द्वारा किया गया। इंडस्ट्री से आमंत्रित अनुभवी विशेषज्ञों आदित्य तमस्कर एवं स्वाति शर्मा ने बतौर इंडस्ट्री जज टीमों के प्रोजेक्ट्स का मूल्यांकन किया। वहीं अकादमिक जूरी पैनल में डॉ. जय देवांगन, डॉ. शिल्पा शर्मा, डॉ. हरीश शर्मा एवं डॉ. राजेश कुमार शामिल रहे।
कार्यक्रम की समन्वयक एवं SIH की SPOC अंजू पांडे, HOD, CSE विभाग ने बताया कि इंटरनल हैकाथॉन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में समस्या-समाधान की क्षमता, नवाचार एवं टीमवर्क को बढ़ावा देना तथा उन्हें राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए तैयार करना है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों ने विभिन्न सामाजिक एवं तकनीकी समस्याओं के समाधान को लेकर उल्लेखनीय और व्यावहारिक आइडिया प्रस्तुत किए।
इंटरनल हैकाथॉन के दौरान विद्यार्थियों को अपने प्रोजेक्ट्स को बेहतर बनाने के लिए विशेषज्ञों एवं जूरी सदस्यों से आवश्यक सुझाव और मार्गदर्शन भी प्राप्त हुआ। प्रतियोगिता से चयनित सर्वश्रेष्ठ टीमों को अब राष्ट्रीय स्तर के स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन 2026 के लिए नामांकित किया जाएगा।






