कलेक्टर ने खुलवाई अलमारी, निकले बिना दर्ज किए राजस्व केस

0
28

 

रायपुर / कलेक्टर डॉ सर्वेश्वर भुरे कार्यालय निरीक्षण पर आज तिल्दा तहसील पहुंचे। उन्होंने तहसीलदार न्यायालय में राजस्व प्रकरणों और रिकॉर्ड का औचक निरीक्षण किया। डॉ भुरे ने अविवादित नामातंरण, अविवादित बंटवारा, अविवादित सीमाकंन से लेकर किसान किताब बनाने जैसे कामों को जल्द से जल्द निपटाने के निर्देश राजस्व अधिकारियों को दिए। इस दौरान जब कलेक्टर ने तहसीलदार कोर्ट में रीडर की बंद अलमारी खुलवाई तो उससे कई ऐसे राजस्व प्रकरण मिले जिन्हे ई-कोर्ट में निपटारे के लिए दर्ज ही नहीं किया गया था। कलेक्टर ने रीडर श्री गणेश राम दिलहरे से इन प्रकरणों को दर्ज नही करने का कारण पूछा। उन्होंने बताया कि राज्य शासन के स्पष्ट निर्देश है कि राजस्व प्रकरण प्राप्त होते ही उसे ई-कोर्ट में दर्ज किया जाना अनिवार्य है। राजस्व प्रकरणों को निपटारे के लिए ई-कोर्ट में दर्ज नही करते हुए उन्हें कार्यालय में बिना दर्ज किए लंबित रखने पर कलेक्टर ने गहरी नाराजगी जताई। डॉ भुरे ने शासकीय काम में लापरवाही और शासकीय निर्देशों की अवहेलना पर तहसीलदार तिल्दा के रीडर श्री गणेश राम दिलहरे को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए एक वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश एस.डी.एम श्री प्रकाश टंडन को दिए। उन्होंने एस.डी.एम को अपने अधीनस्थ सभी राजस्व न्यायालयों का नियमित निरीक्षण करने के भी निर्देश दिए।

कलेक्टर ने अपने दौरे पर नगर पालिका परिषद तिल्दा कार्यालय का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों से क्षेत्र में संचालित योजनाओं तथा किए जा रहे निर्माण कार्यो की प्रगति की जानकारी ली। सी.एम.ओ ने नगर पालिका क्षेत्र में बनी दुकानों का भूमि आधिपत्य नही मिलने के कारण दुकानों का बिक्री नही हो पाने की समस्या बताई। सी.एम.ओ ने एस.आर.एल.एम सेंटर और सब्जी मार्केट में दुकानों की भूमि आधिपत्य नही होने की जानकारी दी। डॉ भुरे ने इन प्रकरणों पर गंभीरता से निरीक्षण करते हुए कार्रवाई करने के निर्देश एस.डी.एम को दिए।

https://hn24.in/wp-content/uploads/2025/12/IMG-20251218-WA0003.jpg

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here