गरियाबंद: जिला पंचायत गरियाबंद की प्रथम सामान्य बैठक में सदस्य इंद्रजीत महाड़िक ने जिले में गिरते भू-जल स्तर और बढ़ती पेयजल समस्या को गंभीरता से उठाते हुए एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि अब पानी बचाने से अधिक आवश्यकता इसे संग्रहित करने की है, ताकि भविष्य की जल किल्लत से निपटा जा सके।
प्रस्ताव में उन्होंने दो प्रमुख बिंदुओं पर जोर दिया:
1. जिले की प्रत्येक ग्राम पंचायत के सभी सरकारी भवनों में वर्षा जल संचयन (रेन वाटर हार्वेस्टिंग) की व्यवस्था अनिवार्य की जाए।
2. प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत बनने वाले प्रत्येक आवास में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम को नियम बनाकर लागू किया जाए।
महाड़िक ने इस मुद्दे को जनहित से जुड़ा बताते हुए इसे तत्काल अमल में लाने की मांग की है, जिससे आने वाले समय में जल संकट से जिले को बचाया जा सके।


