Ashtavinayak Hospital , अष्टविनायक हॉस्पिटल ने पूरे किए 10 साल, मातृ-शिशु स्वास्थ्य में बना उत्कृष्टता की मिसाल

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Ashtavinayak Hospital , अष्टविनायक हॉस्पिटल ने पूरे किए 10 साल, मातृ-शिशु स्वास्थ्य में बना उत्कृष्टता की मिसाल
Ashtavinayak Hospital , अष्टविनायक हॉस्पिटल ने पूरे किए 10 साल, मातृ-शिशु स्वास्थ्य में बना उत्कृष्टता की मिसाल

Ashtavinayak Hospital , अष्टविनायक हॉस्पिटल ने पूरे किए 10 साल, मातृ-शिशु स्वास्थ्य में बना उत्कृष्टता की मिसाल

Ashtavinayak Hospital , अष्टविनायक हॉस्पिटल ने पूरे किए 10 साल, मातृ-शिशु स्वास्थ्य में बना उत्कृष्टता की मिसाल
Ashtavinayak Hospital , अष्टविनायक हॉस्पिटल ने पूरे किए 10 साल, मातृ-शिशु स्वास्थ्य में बना उत्कृष्टता की मिसाल

 

रायपुर – राजधानी रायपुर में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को समर्पित अष्टविनायक हॉस्पिटल ने अपनी स्थापना के 10 वर्ष पूर्ण कर लिए हैं। एक दशक पहले शुरू हुई यह यात्रा आज विश्वास, संवेदनशील देखभाल और जीवन रक्षा का प्रतीक बन चुकी है। हजारों परिवारों को नई उम्मीद देने वाले इस अस्पताल ने बीते वर्षों में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं।

अष्टविनायक हॉस्पिटल ने अब तक 3000 से अधिक नवजात शिशुओं को सुरक्षित जन्म दिलाया है। विशेषज्ञ टीम द्वारा 5000 से अधिक सफल सर्जरी की गईं, जबकि 400 से अधिक गंभीर एवं जटिल मामलों का सफल उपचार कर कई कीमती जानें बचाई गईं। अत्याधुनिक तकनीक, सुसज्जित स्पेशल ओटी और एनआईसीयू सुविधाओं के साथ अस्पताल हर मरीज को सर्वोत्तम चिकित्सा सेवा प्रदान करता रहा है। इस सफलता के पीछे अस्पताल की अनुभवी डॉक्टर टीम है। संस्थापक एवं सीनियर पीडियाट्रिक सर्जन डॉ. रितेश रंजन (एमबीबीएस, एमएस, एमसीएच) के नेतृत्व में 15 वर्षों का अनुभव और 2000 से अधिक सफल सर्जरी दर्ज हैं। उन्होंने 400 से अधिक जटिल मामलों में जीवनदान दिया। नवजात शिशु सर्जरी, लैप्रोस्कोपिक सर्जरी और बाल मूत्र रोग में उनकी विशेषज्ञता ने अस्पताल को प्रदेश में विश्वसनीय नाम दिलाया है।

सह-संस्थापक एवं स्त्री-प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. अर्चना रंजन (एमबीबीएस, डीजीओ, एफएमएएस) ने 15 वर्षों के अनुभव से 3000 से अधिक सुरक्षित प्रसव कराए। फर्टिलिटी स्पेशलिस्ट एवं लैप्रोस्कोपिक सर्जरी के रूप में स्त्री रोग और निःसंतानता उपचार में उनका योगदान सराहनीय है। वहीं शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. आकाश राय (एमबीबीएस, एमडी पीडियाट्रिक्स) 8 वर्षों से अधिक अनुभव के साथ नवजात एवं बाल्य रोग, एलर्जी, अस्थमा और बाल पोषण में समर्पित हैं, जहां उपचार के साथ स्नेहपूर्ण देखभाल पर जोर दिया जाता है।
निश्चेतना एवं क्रिटिकल केयर विभाग में वरिष्ठ चिकित्सक डॉ ज्योतिर्मय चंद्राकर ने स्थापना से ही निर्णायक भूमिका निभाई ।हॉस्पिटल के डायरेक्टर डॉ. रितेश रंजन ने कहा, “हमारे मरीजों, शुभचिंतकों और सहयोगियों के विश्वास ने हमें यहां तक पहुंचाया। आने वाले वर्षों में हम और उन्नत सेवाओं से समाज की सेवा करेंगे।”

अष्टविनायक हॉस्पिटल मातृ-शिशु स्वास्थ्य के क्षेत्र में एक मजबूत स्तंभ बनकर उभरा है, जहां देखभाल और विश्वास का संगम जीवन को नई दिशा देता है।

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