सुकमा। बस्तर संभाग के प्रवास के दौरान महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने सुकमा स्थित जिला पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण कर मुख्यधारा से जुड़ चुके पूर्व नक्सल प्रभावित भाई-बहनों से आत्मीय संवाद किया। इस दौरान उन्होंने पुनर्वास केंद्र की व्यवस्थाओं का अवलोकन किया और हितग्राहियों से उनके अनुभव एवं भविष्य की योजनाओं पर चर्चा की।
मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन, केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह के दृढ़ संकल्प तथा मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में नक्सलमुक्त हो रहे बस्तर में विकास और विश्वास का नया दौर प्रारंभ हुआ है। शासन की पुनर्वास नीति का लाभ लेकर अनेक लोग अब सम्मानजनक और आत्मनिर्भर जीवन की ओर आगे बढ़ रहे हैं।
निरीक्षण के दौरान मंत्री ने पुनर्वास केंद्र में रह रहे भाई-बहनों से उनके जीवन के अनुभव, नई शुरुआत के संकल्प और भविष्य की आकांक्षाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने उनकी कला, प्रतिभा और विभिन्न कार्यों के प्रति रुचि की सराहना करते हुए कहा कि मुख्यधारा से जुड़कर आत्मनिर्भर बनने की उनकी यह यात्रा नए बस्तर की सकारात्मक और प्रेरणादायी तस्वीर प्रस्तुत करती है।
उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार पुनर्वास, सम्मान और स्वावलंबन के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। सरकार का उद्देश्य प्रत्येक पुनर्वासित व्यक्ति को समाज की मुख्यधारा से जोड़कर उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध कराना और विकास की प्रक्रिया में सहभागी बनाना है।




