
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में धार्मिक स्तंभ को नुकसान पहुंचाने के विरोध में सोमवार को सतनामी समाज के आंदोलन के दौरान हुई हिंसा के बाद राज्य सरकार ने जिले के तत्कालीन कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (एसपी) को निलंबित कर दिया है। इस मामले पर गृह मंत्री विजय शर्मा ने बड़ा बयान दिया है।


गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि घोर लापरवाही के कारण कलेक्टर और एसपी को निलंबित किया गया है। उन्होंने कहा कि जितने वीडियो सामने आए हैं, उनसे बहुत सारी बातें स्पष्ट हो गई हैं और जांच के बाद और भी कई बातें स्पष्ट होंगी। सरकार ऐसे मामलों को लेकर गंभीर है और जांच के बाद और भी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही पूरे प्रदेश के जिलों के लिए मानक संचालन प्रक्रियाएं (SOP) तय की जा रही हैं।
दरअसल, इस वर्ष 15 और 16 मई की मध्य रात्रि को बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के गिरौदपुरी धाम में पवित्र अमर गुफा के पास अज्ञात व्यक्तियों ने सतनामी समाज द्वारा पूजे जाने वाले पवित्र प्रतीक ‘जैतखाम’ या ‘विजय स्तंभ’ को क्षतिग्रस्त कर दिया था। धार्मिक ढांचे की इस कथित तोड़फोड़ के विरोध में सतनामी समुदाय ने 10 जून को दशहरा मैदान बलौदाबाजार में प्रदर्शन और कलेक्टर कार्यालय का घेराव करने का आह्वान किया था।

विरोध प्रदर्शन के दौरान आगजनी और पथराव की घटनाओं के बाद जिला प्रशासन ने दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 लागू कर दी थी। इसके तहत 16 जून तक बलौदाबाजार शहर में चार या अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक लगा दी गई थी।




